डोमेन क्या है ? Domain की पूरी जानकारी हिंदी में !

दोस्तों आज की पोस्ट में आपको बताऊगा की Domain क्या है, Domain Rajister करने की फीस कितनी है और कहाँ रजिस्टर करना होता है, और इसमे कितना खर्च आता है।
अगर आप Internet पर अपनी Website बनाना चाहते है तो सबसे पहले आपको एक Domain Name खरीदना होगा।

सीधे शब्दों में कहे तो आपकी वेबसाइट का बेब अड्रेस है । जिस तरह से आपके घर का अड्रेस होता है ।
उदाहरण के तौर पर google.com, kitanaseekha.com, recoverhosting.com ऐसे वेब अड्रेस हर वेबसाइट की पहचान होते है, आप यह समझ ले जिस तरह लिफाफे पर डाक का पता होना जरुरी है ठीक उसी तरह वेबसाइट के लिए डोमेन नेम होना जरुरी है ।

Domain खरीदने में कितने रुपये लगते है ?

डोमेन खरीदने के लिए 1 साल की  फीस 100 रुपये से 5000 रुपये तक हो सकती है निर्भर करता है की आप कौन सा एक्सटेंसन का डोमेन खरीद रहे है।
डोमेन की अलग-अलग किस्म के लिए अलग-अलग डोमेन की कीमत है।
डोमेन नेम में डॉट या बिंदु (.) के आने वाले हिस्से को डोमेन एक्सटेंसन कहा जाता है।
अलग–अलग डोमेन एक्सटेंसन के लिए अलग-अलग कीमत ली जाती है जो डिमांड और सप्लाई के आधार पर बदलती रहती है , कभी-कभी .in डोमेन 99 और .com डोमेन 199 रुपये में भी उपलब्ध हो जाती है और कभी वह 399 से 999 रुपये तक पहुँच जाता है ।

प्रमुख डोमेन एक्सटेंसन की किस्म

डोमेन एक्सटेंसन कई तरह के होते है कुछ खास कामो के लिए डोमेन एक्सटेंशन आरक्षित होते है ।
.edu: स्कूल कालेज और यूनीवर्सिटीज के लिए-
.gov: सरकारी कामो के लिए-
.mil: सेना के लिए-

सबसे ज्यादा मशहूर एक्सटेंसन .com है, जिसके नाम पर पूरे वेब जगत को ही ‘डॉट कॉम’ कह दिया जाता है ।
तीन और प्रमुख डोमेन एक्सटेंसन हैं- .net, .org और .info इन तीनो डोमेन को टॉप लेवल डोमेन या ‘टीएलडी’ (TLD) भी कहा जाता हैं ।

इसके अलावा हर देश के लिए डोमेन एक्सटेंशन आरक्षित किये गए हैं । वे एक्सटेंशन डोमेन को उस देश का टॉप लेबल डोमेन कहा जाता है ।
जैसे:- भारत के लिए .in, पकिस्तान के लिए .pk, नेपाल के लिए .np, आस्ट्रेलिया के लिए .au, अमेरिका के लिए .us, ऐसे ही सभी देशो के लिए कोई न कोई एक्सटेंसन डोमेन है ।
आपकी वेबसाइट के लिए yoursite.com या yoursite.in डोमेन नेम लेना है । यह आपको ही पसंद करना है ।
डोमेन एक्सटेंसन बदलने से आपकी वेबसाइट पर कोई खास असर नहीं पड़ता है ।

Website के लिए कितना बड़ा Domain रख सकते है ?

अपनी वेबसाइट के लिए आप अग्रेजी के 3 Word  से  63 Word की सीमा के अंदर रहते हुए चाहे जैसा Domain Name ले सकते है, लेकिन यह ध्यान रहे उस पर कोई क़ानूनी शिकायत या रुकावट न हो, Kitana Seekha आपको Suggested करता है की आप जितना छोटा डोमेन ले उतना ही अच्छा है।

क्या डोमेन नाम खरीदने के बाद हमारी वेबसाइट इन्टरनेट पर दिखाई देने लगेगी ?

डोमेन खरीदने पर आपकी वेबसाइट इन्टरनेट पर नहीं दिखाई देगी डोमेन खरीदने के बाद यह आपकी पहली सीढी होगी अभी तो आपको Website बनानी होगी और उसे Internet पर रखने के लिए स्पेश (जगह) यानि Web Hosting भी खरीदनी होगी।

वेबसाइट बनाने के लिए हमें डोमेन कहाँ रजिस्टर करनी होगी ?

पूरी दुनिया में डोमेन नेमो की व्यवस्था का संचालन ICANN (इन्टरनेट ऑर्गनाइजेशन ऑफ असाइन्ड नेम्स एंड नंबर्स नामक संस्था करती है।

उसने डोमेन नेम रजिस्ट्रेशन के लिए कई कंपनियों को ऑथराइज किया हुआ है, जिन्हें डोमेन रजिस्ट्रार कहा जाता है।
आप अपनी वेबसाइट के लिए डोमेन इनके मार्फत या उनके Reseller के जरिए अपना डोमेन रजिस्टर करवा सकते है।

वेबसाइट के लिए डोमेन कहाँ-कहाँ रजिस्टर कर सकते हैं ?

आप डोमेन निम्नलिखित मे से किसी भी वेबसाइट पर जाकर डोमेन रजिस्टर करा सकते है ।
recoverhosting.com, bigrock.in, in.godaddy.com, registry.in, siliconhouse.net, enom.com, namecheap.com, domains.org, networksolutions.com, net4.in, इत्यादी है । जहाँ पर आप अपनी वेबसाइट के लिए डोमेन बुक करा सकते है ।

भारत में मशहूर कुछ चुनिंदा वेबसाइट पर डोमेन रजिस्ट्रेशन की मौजूदा कीमत रुपये में-

नोट:- किसी नई या छोटी वेबसाइट पर डोमेन रजिस्टर करने की बजाय किसी बड़ी और पुरानी कम्पनी के जरिये डोमेन रजिस्टर करवाएं,चाहे बड़ी कम्पनी पर रजिस्ट्रेशन थोड़ा महँगा क्यों न पड़े क्योकि कभी-कभी छोटी कंपनियां बंद हो जाती है, और उनसे जुड़े लोंग बीच में ही फस जाते है ।

क्या मुफ्त में डोमेन नेम रजिस्टर कर सकते है ?

अगर आपके लिए आपकी वेबसाइट का डोमेन एक्सटेंशन कोई खास मायने नहीं रखता है, यो आप फ्री में डोमेन नेम ले सकते है ।
फ्री में डोमेन रजिस्टर करने के लिए आप निम्नलिखित वेबसाइटो पर जाकर मुफ्त में डोमेन रजिस्टर कर सकते है ।
www.freedomain.co.nr (.co.nr)
www.freenom.com (.tk .ml .ga .cf .gq)

डोमेन रजिस्टर करने के लिए नाम कैसे खोजे ?

डोमेन नेम रजिस्टर करने वाली लगभग सभी कंपनी अपनी वेबसाइट पर एक सर्च बार रखती है । जिसका इस्तेमाल कर हम अपने पसंदीदा डोमेन को आसानी से देख सकते है अगर आपका पसंदीदा डोमेन डोमेन पहले से किसी और ने ले लिया है ।
यहाँ नीचे एक टूल दिया जा रहा है जो खास तौर पर डोमेन चेक करने के लिए बनाया गया है, की डोमेन किसी ने ख़रीदा है या नहीं ! अगर ख़रीदा है तो किसने ख़रीदा है उसका नाम ? अगर आपका पसंदीदा डोमेन नेम उपलव्ध है, तो आप उसे खरीद सकते है ।

अपना पसंदीदा डोमेन यहाँ टाइप करे:-

फिर भी न मिले आपका पसंदीदा नाम तो क्या करे ?

अगर आपकी वेबसाइट के लिए डोमेन yoursite.com नहीं मिला तो आप yoursite.in का चुनाव कर सकते है ।
उपाय 1:- डोमेन का चुनाव कुछ इस तरह से रखे । .com, .in, .org, .net, .info, .co.in
उपाय 2:- अगर डोमेन फ्हिर भी नहीं मिल रहा है, तो स्पेलिंग में थोड़ा सा बदलाव कर ले । कोई अतिरिक्त अक्षर जोड़ दे । जैसे :- kitanaseekha.com या ekitanaseekha.com
उपाय 3:- उस व्यक्ति से संपर्क करे, जिसने आपका पसंदीदा नाम बुक कर रखा है । हो सकता है कि वह कुछ रुपये लेकर नाम आपको देने को राजी हो जाये ।
उपाय 4:- किसी भी वेबसाइट पर उपलव्ध डोमेन बैकआर्डर सेवा का इस्तेमाल करे-
ये वेबसाइटे आपका पसंदीदा डोमेन नेम एक्सपायर होते ही इसे आपकी तरफ से बुक करवा लेती है और इसके लिये एक तय फीस लेती है ।

टूल 3- अपना पसंदीदा डोमेन यहाँ टाइप करे:-

डोमेन नेम जितना छोटा हो उतना ही अच्छा रहता है ।
जितना लंबा नाम होगा लोगो को उसे याद रखने में उतनी ही दिक्कते होगी ।
छोटा नाम याद तो रहता ही है और टायपिंग में कोई गडबड़ी की कोई गुंजाइश नहीं रहती । जैसे:- Vishwamahahindisammelan.com लबे डोमेन नेम को टाइप करना मुश्किल होगा, छोटा डोमेन नेम जैसे kitanaseekha.com आप इससे भी छोटा डोमेन नेम रख सकते है ।

मेरा पसंदीदा डोमेन नहीं मिल रहा है क्या मै डोमेन में अंको का इस्तेमाल करू ?

डोमेन नेम में अंको, हाइफन आदि के इस्तेमाल से बचे ।
ऐसे नाम याद रखना मुश्किल होता है, टाइपिंग मुश्किल होती है, और वे देखने पढ़ने में भी अटपटे लगते है ।

डोमेन के लिए डॉट कॉम बेहतर या डॉट इन

आम तौर पर वेबसाइट के लिए .com बेहतर एक्सटेंशन है,क्योकि जब कोई वेबसाइट के नाम की कल्पना करता है । तो सबसे पहले .com ही मन में आता है ।
.com ही पूरी दुनिया का मशहूर डोमेन एक्सटेंशन है और डोमेन नेम की Resell Market में इन्ही नामो की सबसे ज्यादा कीमत भी मानी जाती है । जहाँ तक मुमकिन हो, कारोबारी लोगो को भी इसी एक्सटेंशन वाला डोमेन लेना चाहिए।
स्कूल, कालेज संस्थानों को .edu या .org गैर सरकारी संस्थानों को .org एक्सटेशन की प्राथमिकता देनी चाहिए।
भारतीय कंपनियों के बीच .in एक्सटेंशन .com एक्सटेंशन के बाद दूसरी सबसे बड़ी पसंद है।
अब आपको ही चुनना है की अपनी वेबसाइट के लिए डॉट कॉम एक्सटेंशन ले या डॉट इन।

आपको यह जानकारी कैसी लगी कमेंट करके जरूर बताये अगर आपका कोई सबाल है तो जरूर पूछे –

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This post was last modified on September 25, 2018 1:25 pm

Manjeet Singh: Hello Visiter, Agar Aapka koi bhi sabaal hai to aap Apna Sabaal Jabab Forum me Puch sakte hai agar hamse kisi baare mi discuss karna chahte hai tu Aap hame Email Ya Whatsapp kar sakte hai.

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